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उत्तराखंड,भर्ती में गड़बड़ी, हाईकोर्ट ने जन हित याचिका सुन चयन प्रक्रिया पर लगाई रोक पढ़ें पूरी खबर

उत्तराखंड हरिद्वार होमगार्ड भर्ती को लेकर जनहित याचिका हाईकोर्ट में डलने के बाद भर्तियों में गड़बड़ी के अब एक के बाद एक नए मामले सामने आ रहे हैं। उत्तराखंउ अधीनस्त सेवा चयन आयोग की भर्ती में गड़बड़ी की खबरों के बीच अब हाईकोर्ट ने सरकार को नोटिस जारी किया है। साथी होमगार्ड चयन प्रक्रिया पर भी रोक लगा दी है। साथ ही सरकार से मामले में जवाब भी तलब किया है। होमगार्ड भर्ती में करीब डेढ़ करोड़ रुपये लेकर अयोग्य अभ्यर्थियों के चयन की शिकायत की गई है। कोर्ट ने सख्त नाराजगी जाहिर करते हुए सरकार व अधिकारियों से पूछा है कि दोषियों के खिलाफ अभी तक कार्रवाई क्यों नहीं की गई? कोर्ट ने मामले के गंभीरता से लेते हुए नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगे के साथ ही भर्ती प्रक्रिया की जारी सूची पर अग्रिम आदेश तक रोक लगा दी। मामले के अनुसार, हरिद्वार निवासी योगेंद्र सैनी ने जनहित याचिका दायर कर कहा है कि हरिद्वार में वर्ष 2017-18 में होमगर्ड भर्ती में करीब डेढ़ करोड़ रुपये का घोटाला हुआ है। याचिकाकर्ता का आरोप है कि कई अयोग्य अभ्यर्थियों से मोटी रकम लेकर कंपनी कमांडेंट व जिला कमांडेंट ने होमगार्ड की भर्ती की। जबकि योग्य अभ्यर्थियों को इससे वंचित किया गया। याचिकाकर्ता का यह भी कहना है कि, उसने एसएसपी, नागरिक सुरक्षा मुख्यालय देहरादून, उच्च अधिकारियों समेत राज्यपाल से भी इसकी शिकायत की, लेकिन कोई कार्रवाई न होने पर हाईकोर्ट की शरण ली। सूचना के अधिकार के तहत मांगे गए दस्तावेजों में पुष्टि हुई है कि, तत्कालीन जिला कमांडेंट गौतम कुमार के खाते में एक लाख रुपये सुखदेव हरिद्वार, दो लाख रुपये नीरज चौधरी श्रीनगर गढ़वाल और चार लाख 31 हजार रुपये अन्य सात लोगों से प्राप्त हुए हैं। इस भर्ती घोटाले में तत्कालीन कंपनी कमांडेंट राकेश कुमार का शामिल होना भी बताया गया है। याचिकाकर्ता ने कोर्ट से मांग की है कि होमगार्ड भर्ती घोटाले में शामिल सभी के खिलाफ कार्रवाई की जाए। गुरुवार को सुनवाई में कोर्ट ने होमगार्ड भर्ती प्रक्रिया की जारी सूची पर अग्रिम आदेश तक रोक लगा दी। याचिकाकर्ता के अधिक्वता ने कोर्ट को बताया कि भर्ती प्रक्रिया नियमों को दरकिनार करके की गई है। ऐसे अभ्यर्थियों का चयन किया गया, जो फिजिकली अयोग्य थे। मामले की सुनवाई मुख्य न्यायाधीश विपिन सांघी एवं न्यायमूर्ति आरसी खुल्बे की खंडपीठ में हुई। मामले में कोर्ट ने सरकार व कमांडेंड जनरल होम गार्ड से पूछा है कि दोषियों के खिलाफ अभी तक कार्रवाई क्यों नही की गई। दो सप्ताह में जवाब दें। कम्पनी कमांडेंड होमगार्ड्स राकेश कुमार व जिला कमांडेंड होमगार्ड्स हरिद्वार को नोटिस जारी किया है। अगली सुनवाई के लिए 13 सितंबर की तिथि तय की है

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